छतरपुर : नौगांव, कूड़े कचरे से पटे पड़े नाले नालियां हकीकत में,फिर भी नपा का दावा 121 सफाई कर्मी लगे सफाई व्यवस्था में – छतरपुर समाचार

छतरपुर : नौगांव, कूड़े कचरे से पटे पड़े नाले नालियां हकीकत में,फिर भी नपा का दावा 121 सफाई कर्मी लगे सफाई व्यवस्था में

बारिस के पूर्व हो नाले नालीयों की सफाई जिससे आने बाली परेशानी से मिले निजात ।

नौगांव । नगरपालिका की ओर से नगर को साफ स्वच्छ रखने के लिए भले ही कागजी खानापूर्ती और फोटू सेशन कर स्वच्छ भारत सर्वेक्षण में प्रदेश स्तर पर छठवां स्थान एवं संभागीय स्तर पर सागर संभाग में द्वितीये स्थान प्राप्त किया हो मगर नगर के अधिकांश नाले और चोक पड़ी नालियों में बिजबीज रहे कीड़े जगह जगह लगे कचरे के ढेर नपा के स्वच्छ भारत अभियान की पोल खोल रहे है। 20 वार्डों बाले नपा में लगभग 90 हजार की आबादी निवास करती है नगर के जल निकासी के लिए आधा दर्जन से अधिक बड़े नाले और अनगिनत छोटे नाले, नालियां हैं। मानसून और बारिश होने में कुछ दिन शेष है मगर नपा की ओर से कोई ठोस कदम नही उठाये गए जबकि नपा की ओर से हर्ष के साथ दावा किया जा रहा है कि,

नगर की सफाई व्यवस्था के लिए 121 सफाई कर्मी नगर की सफाई व्यवस्था में लगे रहने के साथ 4 छोटा हाथी,2 ट्रैक्टर,1 डंपर,सहित 10 रिक्शा के द्वारा नगर की सफाई व्यवस्था की जा रही है अगर जमीनी हकीकत पर नजर डाले तो नगर में सालों से चोक पड़े नाले नालियां का सड़को पर बहता गंदा पानी जगह जगह लगे कचरे के ढेरों औऱ नालियों में पनप रहे मच्छरों और दुर्गंध से वर्ड वासी परेशान है।नगरवासियों ने बारिस के पूर्व नपा प्रशासन से नालियों की सफाई कराने की मांग की है ।

नगर के बीचों बीच से निकला बड़ा नाला आधे नगरवासियों की परेशानी का बना सबब ।

नगर के बीचों बीच से निकला बड़ा नाला नगर के आधे से ज्यादा वार्ड वासियों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है विगत कई सालों से नाले की साफ सफाई न होने से पनप रहे मच्छरों से डेंगू,मलेरिया जैसी घातक बीमारीं फैलने का अंदेशा बना रहता है!

नाले किनारे रह रहे रहवासियों ने बताया कि नाले का न बनना और साफ सफाई न होने से दुर्गंध और बदबू से परेशान रहते है साहब क्या करे मजबूरी है चाहे बदबू या दुर्गंध आये या फिर बीमारिया का ग्राफ बढे हम कर भी क्या कर सकते है मजबूरी में अपना जीवनयापन कर रहे है सबसे बड़ी मुशीबत बारिश के टाइम होती है नाले में पानी के तेज बहाव से घरों में पानी भरने व घर गिरने का भय बना रहता है साथ ही छोटे छोटे मासूम बच्चों का ख्याल रखने के लिए अपना काम धंधा छोड़ना पड़ता है कि कही कोई अनहोनी घटना घटित न हो जाये।

इनका कहना

बड़े नाला निर्माण के लिए नपा ने शासन से 6 करोड़ 25 लाख रुपये के बजट की मांग थी जबकि शासन की ओर से 2 करोड़ 24 लाख रुपये का बजट स्वीकृति हुआ है टेंडर लगा दिए है एक माह की समय सीमा है टेंडर होने के बाद नियमानुसार स्वीकृतियां होगी इसके बाद नाले का निर्माण शुरू कराया जाएगा ।

Vairochan Media (Opc) Private Limited

Subscribe To Our Newsletter

[mc4wp_form id="319"]